खरात केस को झटका…‘भोंदू बाबा कांड का प्रमुख गवाह ‘खामोश’!

भोंदू बाबा अशोक खरात प्रकरण में बड़ा मोड़ लाने वाली घटना सामने आई है। मामले के अहम गवाह और ‘शिवनिका ट्रस्ट’ के उपाध्यक्ष डॉ. जितेंद्र शेलके की शुक्रवार दोपहर समृद्धि महामार्ग पर एक भीषण सड़क हादसे में मौत हो गई। इस हादसे में उनकी पत्नी अनुराधा शेलके की भी मौके पर ही जान चली गई। अब लोग इस मामले में साजिश की आशंका भी व्यक्त कर रहे हैं।

यह हादसा दोपहर करीब १ बजे धोत्रे गांव के पास हुआ, जब शेलके परिवार छत्रपति संभाजीनगर से शिर्डी की ओर जा रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार कार की एक कंटेनर से टक्कर हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार पूरी तरह चकनाचूर हो गई। घटना के बाद काफी देर तक कार कंटेनर के नीचे फंसी रही।

 

बेटा अस्पताल में भर्ती

स्थानीय लोगों और पुलिस को सूचना मिलने के बाद रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया, लेकिन तब तक डॉ. शेलके और उनकी पत्नी की मौत हो चुकी थी। घायल बेटे को तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इस हादसे ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

चार बार बयान हो चुके थे दर्ज!

अशोक खरात कांड के प्रमुख गवाह डॉ. शेलके की एक कार दुर्घटना में मौत हो गई। खरात मामले के वे एक महत्वपूर्ण गवाह थे। एसआईटी उनके चार बार बयान दर्ज कर चुकी थी और मामले में उनकी भूमिका बेहद अहम मानी जा रही थी। ऐसे में उनकी अचानक हुई मौत को लेकर संदेह गहराता जा रहा है, क्या यह महज एक हादसा है या फिर किसी बड़ी साजिश का हिस्सा?

डॉ. शेलके, अशोक खरात के बेहद करीबी माने जाते थे और ‘शिवनिका ट्रस्ट’ में उपाध्यक्ष पद संभाल रहे थे। ट्रस्ट को पिछले कुछ वर्षों में राजनीतिक और प्रशासनिक संरक्षण के चलते करोड़ों की फंडिंग मिली थी, लेकिन गोशाला प्रोजेक्ट अधूरा रहने से विवाद बढ़ा और कई ट्रस्टी इस्तीफा दे चुके थे। फिलहाल ट्रस्ट में अध्यक्ष के रूप में अशोक खरात, सरचिटणीस के तौर पर उनकी पत्नी कल्पना खरात, और अन्य ट्रस्टी के रूप में रुपाली चाकणकर, सुभाष गमे, ललित पोफले और डॉ. नंदकिशोर कातोरे शामिल हैं। इस सनसनीखेज हादसे ने न सिर्फ एक परिवार को खत्म कर दिया, बल्कि एक ऐसे केस को भी झटका दिया है, जिसमें कई राज दफन बताए जा रहे थे। अब सबसे बड़ा सवाल है कि क्या सच भी इस हादसे के साथ दफन हो गया या फिर जांच एजेंसियां इस रहस्य से पर्दा उठा पाएंगी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *